पनवेल : व्यावहारिक प्रशिक्षण, उद्योगोन्मुख शिक्षा और गुणवत्तापूर्ण पाठ्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थी आत्मनिर्भर बनेंगे तथा देश के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान देंगे। यह विश्वास रयत शिक्षण संस्था की मैनेजिंग काउंसिल के सदस्य लोकनेता रामशेठ ठाकुर ने कामोठे स्थित इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल एक्सलेंस के उद्घाटन अवसर पर व्यक्त किया।
आधुनिक अर्थव्यवस्था की बदलती आवश्यकताओं और उद्योग आधारित व्यावसायिक शिक्षा के माध्यम से युवाओं को सक्षम बनाने के उद्देश्य से रयत शिक्षण संस्था ने कामोठे में इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल एक्सलेंस की स्थापना की है। अगस्त 2026 से यहां विभिन्न कौशल विकास पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे, जिनका उद्देश्य विद्यार्थियों को वैश्विक रोजगार के अवसरों के लिए तैयार करना है।
संस्थान में लॉजिस्टिक्स एंड सप्लाई चेन मैनेजमेंट, बैंकिंग, फाइनेंशियल सर्विसेज एंड इंश्योरेंस (BFSI), विदेशी भाषाएं तथा रिटेल मैनेजमेंट जैसे उच्च रोजगार क्षमता वाले क्षेत्रों के पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे। रयत शिक्षण संस्था, सातारा के अध्यक्ष चंद्रकांत दळवी के मार्गदर्शन में स्थापित इस संस्थान में विद्यार्थियों को अत्याधुनिक सुविधाएं, आधुनिक प्रयोगशालाएं तथा अनुभवी विशेषज्ञों का मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।
संस्थान का उद्घाटन लोकनेता रामशेठ ठाकुर के हाथों संपन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत में डॉ. शुभदा नायक ने उपस्थित अतिथियों का स्वागत करते हुए संस्थान की स्थापना के उद्देश्य, लक्ष्य और भविष्य की योजनाओं की जानकारी दी।
इस अवसर पर यूएसडीसी टेक्नोलॉजी के निदेशक हुसेन हाजिते, महात्मा फुले महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. गणेश ठाकुर, रायगढ़ विभाग के विभागीय अधिकारी मोहन कोंगेरे, लोकनेता रामशेठ ठाकुर इंग्लिश मीडियम स्कूल एंड जूनियर कॉलेज, कामोठे की प्राचार्या स्वप्नाली म्हात्रे, लोकनेता रामशेठ ठाकुर पब्लिक स्कूल के प्राचार्य अविनाश कुलकर्णी सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित थे। कार्यक्रम में शिक्षा जगत के प्रतिनिधियों, विद्यार्थियों, अभिभावकों और नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
