
जलनिकासी की व्यवस्था ध्वस्त, ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी; शीघ्र समाधान की मांग
सेवराई (गाजीपुर) : तहसील सेवराई के ग्राम बारा की मुख्य सड़क पर जलनिकासी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण हल्की बारिश होते ही सड़क तालाब का रूप ले लेती है। कई दिनों तक सड़क पर पानी जमा रहने से ग्रामीणों, स्कूली बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल स्थायी समाधान कराने की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
ग्रामीणों के अनुसार बारा गांव से होकर गुजरने वाली यह पुरानी मुख्य सड़क कुतुबपुर और गहमर को जोड़ती है। सड़क के किनारे उर्दू इस्लामिया प्राइमरी स्कूल, इकरा मॉडल स्कूल तथा कब्रिस्तान स्थित है। बारिश के दौरान सड़क पर जलभराव होने से स्कूली बच्चों को गंदे पानी और कीचड़ से होकर गुजरना पड़ता है। कई बार अभिभावक बच्चों को स्कूल भेजने से भी मजबूर हो जाते हैं, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित होती है।
इतना ही नहीं, कब्रिस्तान तक शवयात्रा ले जाने वाले लोगों को भी इसी जलभराव वाली सड़क से होकर गुजरना पड़ता है। फिसलन और गहरे पानी के कारण दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क के दोनों ओर नालियां तो बनाई गई हैं, लेकिन जलनिकासी की कोई प्रभावी व्यवस्था नहीं होने से स्थिति वर्षों से जस की तस बनी हुई है।
ग्रामीणों ने बताया कि कई स्थानों पर बारिश का पानी घुटनों तक भर जाता है, जिससे राहगीरों के गिरकर घायल होने का खतरा बना रहता है।
इस समस्या पर नाराजगी जताते हुए मेजर मेराज खान, हाजी इकराम खान, इसरार खान, फिरोज खान, सिराज खान, सामाजिक कार्यकर्ता ओमकार यादव, मौलाना सलीम अबूनसर तथा तश्कील खान सहित अन्य ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि बरसात के मौसम को देखते हुए जल्द से जल्द जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था कराई जाए, ताकि लोगों को आवागमन में राहत मिल सके और किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके। उन्होंने चेतावनी दी कि समस्या का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो ग्रामीण आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
