अग्निपथ योजना देश के लिए हानिकारक.. अभिनव राय

By: Khabre Aaj Bhi
Jun 18, 2022
50


सेना में ठेकेदारी देश को बर्दाश्त नहीं ....संतोष कुमार पाठक एडवोकेट 

By : शाकिर अंसारी

चन्दौली : प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर आम आदमी पार्टी चंदौली के कार्यकर्ताओं  ने आज जिलाधिकारी कार्यालय पर जमकर प्रदर्शन किया "अग्निपथ योजना वापस लो", "नरेंद्र मोदी शर्म करो", "सेना में दलाली बंद करो "आदि नारे लगाते हुए अग्निपथ पथ योजना का जोरदार विरोध किया व जिलाधिकारी कक्ष के बाहर धरने पर बैठ गये।

इस अवसर पर बोलते हुए प्रदेश सह प्रभारी अभिनव राय ने कहा कि भारतीय सेना में 4 साल के लिए सैनिकों की भर्ती के लिए लायी गयी अग्निपथ योजना से देश की जनता आक्रोश में हैं। मात्र 4 वर्षों के लिए सैनिकों की भर्ती वास्तव में सैन्य भर्ती न होकर एक सिक्योरिटी गार्ड ट्रेनिंग सेंटर होकर रह जायेगी क्योंकि 4 साल तक सेना में रहने के बाद युवा या तो किसी प्राइवेट कंपनी में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करेगा या फिर बेरोजगारी की मार से आत्महत्या करने को मजबूर होगा।वरिष्ठ अधिवक्ता संतोष कुमार पाठक एडवोकेट ने कहा कि सेना भर्ती की तैयारी के लिए बहुत से सैनिक दसों साल तैयारी करने में लगा देते हैं ,अब अग्निपथ पथ योजनानुसार उन्हे सिर्फ चार साल सेना मे सेवा का अवसर मिलेगा जो बेहद खतरनाक है।ऐसे में ऐसा लगता है जैसे सरकार ने यह कदम जानबूझकर देश के युवाओं के भविष्य को प्राइवेट कंपनीयों के हाथों में देने के लिए उठाया है। सरकार जानबूझकर इन निजी कंपनियों को फायदा पंहुचा रही है। इस वजह से सभी देशभक्तों की भावनाओं को चोट पंहुची है। हमारी सेना भारत की शान है जो भारत के हर व्यक्ति के लिए गर्व है। ऐसे में सिर्फ प्राइवेट कंपनियों को फायदा पंहुचाने के लिए देश की सेना के साथ खिलवाड़ करना पूरी तरह से देश के खिलाफ काम करना है। संतोष पाठक एडवोकेट ने प्रधान मंत्री से कहा कि स्कीम लानी ही है तो सांसदवीर व विधायक वीर स्कीम लाइए और जो विधायक या  सांसद 6 माह तक जनहित में काम नहीं करता, उसे तुरंत संसद और विधानसभा से बाहर करने का नियम बनाईये। दीपक सिन्हा ने कहा कि  सरकार का यह तर्क भारतीय सेना और सैनिकों दोनों के साथ विश्वासघात करता है कि 4 वर्षों के बाद सैनिकों को सेवानिवृत्त करने से पेंशन पे आउट कम देना पड़ेगा।भरत यादव ने कहा कि सरकार सेना की प्रभावशालिता और ताक़त को सिर्फ इसलिए कमजोर कर रही है ताकि उसे सैनिकों को पेंशन न देनी पड़े।

मोहम्मद सुलेमान ने कहा कि सरकार का यह कुतर्क देश के सभी नौजवानों और देशभक्तों का मजाक बना रहा है। भारतीय सेना अपने जांबाज सिपाहियों के लिए देश की सेवा और मातृभूमि की सुरक्षा करने का एक सशक्त माध्यम है। 

बीरेन्द्र यादव ने कहा कि इसी देशभक्ति और मातृभूमि की रक्षा के लिए सैनिक हर क्षण अपनी जान न्यौछावर करने को तैयार रहते हैं लेकिन आपके फैसले ने सैनिकों की इस भावना और जज्बे को रौंदते हुए मातृभूमि की रक्षा के कर्त्तव्य को सिर्फ 4 वर्षों की कॉन्ट्रेक्ट आधारित नौकरी बनाकर रख दिया।

चरन यादव ने कहा  कि यह एक घोर अपमानजनक कदम है। जिस पर पुनर्विचार किया जाना चाहिए। मनोज गिरी ने कहा कि देश के युवाओं के भविष्य के साथ हो रहे खिलवाड़ को रोकना जरूरी है।जिलाधिकारी के प्रतिनिधि ने आकर कार्यकर्ताओं से प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन लिया तब जाकर धरना समाप्त हुआ। इस अवसर पर प्रदेश के सह प्रभारी अभिनव राय, वरिष्ठ अधिवक्ता संतोष कुमार पाठक, भरत यादव, दीपक सिन्हा, मोहम्मद सुलेमान, मनोज गिरी, चरण यादव, गौतम मोर्,या वीरेंद्र यादव, पंकज सिंह आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।


Khabre Aaj Bhi

Reporter - Khabre Aaj Bhi

आगे से कैश संकट उत्पन्न न हो इसके लिए क्या आरबीआई को ठोस नीति बनानी चाहिए?